मंत्रोच्चार और विधि विधान से खुले केदारनाथ धाम के कपाट

img 4325

देवभूमि उत्तराखंड में चार धाम यात्रा की शुरुआत हो चुकी है। आज सुबह 8 बजे केदारनाथ धाम के कपाट वैदिक मंत्रोच्चार और विधि विधान के साथ खोल दिए गए। सबसे पहले केदारनाथ मंदिर के पूर्व द्वार को खोला गया। जिसके बाद मुख्य पुजारी के साथ रावल व हक-हकूकधारियों ने मंदिर में प्रवेश किया। विगत वर्ष कपाट बंद करते महाद्देव को लगाई गई भस्म श्रद्धालुओं में प्रसाद स्वरुप बाटी गई।

केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के अवसर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम की पहली पूजा कराई। पूजा विधि-विधान के साथ की गई जिसके बाद आम श्रद्धालुओं के लिए कपाट खोल दिए गए। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन हेतू पहुंचे है।

भैरवनाथ मंदिर के कपाट खुलने के बाद लगेगा भोग

केदारनाथ में बाबा केदार को भोग भैरवनाथ मंदिर के कपाट खुलने के बाद ही लगता है। भैरव मंदिर के कपाट 25 अप्रैल को खुलेंगे जिसके बाद भगवान केदारनाथ को पीले चावलों का भोग लगाया जाएगा। भुकुंड भैरव मंदिर को केदारनाथ धाम का क्षेत्र रक्षक माना गया है। भैरव मंदिर केदारनाथ से 500 मीटर दक्षिण में स्थित है। ऐसी मान्यता है की बाबा केदार के दर्शन से पूर्व भैरवनाथ के दर्शन करना जरूरी होता है। जिसके बाद ही केदारनाथ की यात्रा पूरी होती है।

मोबाइल इस्तेमाल पर प्रतिबंध

इस वर्ष यात्रा शुरू होने से पहले ही सख्ती देखने को मिल रही है। मंदिर समिति ने परिसर से 50 से 60 मीटर के क्षेत्र में मोबाइल फोन पर प्रतिबंध लगाया है। इसके साथ ही रील और फोटोग्राफी के लिए अलग से तय स्थान बनाए गए है। मंदिर क्षेत्र में रील बनाना, फोटो खींचना पूरी तरह प्रतिबंधित है।

View this post on Instagram

A post shared by MP Live (@mplive024)